दलित छात्रा के संदिग्ध मौत मे आज साल बीता पुलिस अब भी हत्यारे से दूर।
थानेदार बदले निवेचक बदले कप्तान का भी हो गया तबादला लेकिन साहब अब तक सिर्फ विवेचना में लीन।
10 फरवरी 2025 को खपड़ही गांव के कम्पोजिट विद्यालय में मिला था छात्रा रागिनी का शव।
कप्तानगंज पुलिस ने घटना के 10 दिन बीत जाने के बाद किया था अज्ञात के विरुद्ध दर्ज मुकदमा।
हत्यारो के तलाश के बजाय पुलिस मेरे ही घर पर देती थी हमेशा दबिश और मिलती थी पूरे परिवार को प्रताड़ना और पुलिसिया टॉर्चर- परिजन
दलित बिटिया की हत्यारे को लेकर पूरे गांव में दबी जुबान चर्चाओं का बाजार गर्म लेकिन साहब को चाहिए सबूत -पीड़ित।
अब निगाहें टिकी सिर्फ नवागत एसपी डॉ यशवीर सिंह पर क्या टूटेगी चुप्पी और दोषियों तक पहुंचेगा इंसाफ।
कप्तानगंज थाना क्षेत्र खपड़ही गांव के दलित बिटिया के हत्या से जुड़ा मामला।














