गांव केवल रहने की जगह नहीं होता, वह पहचान होता है, स्मृतियों का संसार होता है और दिल की धड़कन भी। जनपद बस्ती के विकास खंड बस्ती सदर के ग्राम पंचायत मरहा में यह भाव अब एक खूबसूरत प्रतीक के रूप में सामने आया है। निर्माणाधीन रमाबाई भीमराव अंबेडकर बौद्ध बिहार पार्क में स्थापित “I ❤️ मरहा” सेल्फी प्वाइंट इन दिनों लोगों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है।
यह सेल्फी प्वाइंट महज एक सजावटी संरचना नहीं, बल्कि मरहा से जुड़ी भावनाओं, मिट्टी की खुशबू, बचपन की यादों और अपनों के अपनत्व को अभिव्यक्त करता है। गांव के युवा, बुजुर्ग, महिलाएं और बाहर से आने वाले लोग यहां रुककर तस्वीरें खिंचवा रहे हैं और गर्व के साथ कह रहे हैं— “मरहा हमारे दिल में बसता है।”
गांव से बाहर रह रहे मरहा के लोग भी इस पहल को देखकर भावुक हो रहे हैं। उनके लिए यह सेल्फी प्वाइंट अपने गांव से जुड़ाव का एक सशक्त माध्यम बन गया है, जो यह संदेश देता है कि चाहे इंसान कहीं भी चला जाए, उसकी जड़ें गांव में ही होती हैं। ग्रामीणों ने इस पहल के लिए ग्राम पंचायत विकास समिति की सराहना की है। समिति के प्रयासों से गांव न केवल भौतिक विकास की ओर बढ़ रहा है, बल्कि भावनात्मक और सांस्कृतिक रूप से भी समृद्ध हो रहा है।
इस संबंध में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अखिल कुमार यादव ने बताया कि ग्राम पंचायत का उद्देश्य केवल सड़क, नाली और भवन तक सीमित नहीं है, बल्कि गांव की पहचान, स्वाभिमान और आपसी जुड़ाव को मजबूत करना भी है। उन्होंने कहा कि “I ❤️ मरहा” सेल्फी प्वाइंट इसी सोच का प्रतीक है, जो आने वाली पीढ़ियों को अपनी मिट्टी से जोड़े रखने का काम करेगा।
ग्रामीणों का मानना है कि ऐसे प्रयास गांव में सकारात्मक सोच को बढ़ावा देते हैं और नई पीढ़ी में अपने गांव के प्रति गर्व की भावना पैदा करते हैं।
“I ❤️ मरहा” अब सिर्फ शब्द नहीं रह गए हैं, बल्कि यह मरहा की आत्मा की आवाज़ बन चुके हैं।










