रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने गुरुवार को कहा कि भारत ने ऑपरेशन सिंदूर को अपनी शर्तों पर स्वेच्छा से रोका था और जरूरत पड़ने पर पाकिस्तान के खिलाफ लंबी लड़ाई के लिए पूरी तरह तैयार था। एएनआई नेशनल सिक्योरिटी समिट 2.0 में बोलते हुए उन्होंने पाकिस्तान को अंतरराष्ट्रीय आतंकवाद का केंद्र बताया और कहा कि आतंकवाद की जड़ों को पूरी तरह खत्म करना जरूरी है।
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की नेतृत्व क्षमता की तारीफ करते हुए कहा कि सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति के तहत आतंकवाद को किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। रक्षा मंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर, पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में शुरू किया गया था और यह एक बड़ा मोड़ साबित हुआ।
इससे दुनिया को संदेश गया कि भारत अब सिर्फ बयान देने तक सीमित नहीं रहेगा। उन्होंने कहा कि भारतीय सेना ने हमले के दौरान केवल उन ठिकानों को निशाना बनाया, जहां से आतंकवादी गतिविधियां चल रही थीं। राजनाथ सिंह ने यह भी स्पष्ट किया कि ऑपरेशन इसलिए नहीं रोका गया क्योंकि भारत कमजोर पड़ा, बल्कि यह फैसला पूरी तरह स्वेच्छा से और अपनी शर्तों पर लिया गया था।














